जसविंदर सिंह की आवाज़ में डूबेगा जयपुर, ग्रैमी विजेता के हाथों मिलेगा सबसे बड़ा सम्मान

जसविंदर सिंह की आवाज़ में डूबेगा जयपुर, ग्रैमी विजेता के हाथों मिलेगा सबसे बड़ा सम्मान

जयपुर में सजने वाली 'ग़ज़लनामा' महफ़िल से पहले मशहूर ग़ज़ल गायक जसविंदर सिंह ने इस आयोजन को लेकर खास बातचीत की। उन्होंने बताया कि किस तरह जयपुर के इस छोटे से शहर से शुरू हुई यह महफ़िल अब दुनियाभर में चर्चा का विषय बन चुकी है।

जयपुर । जयपुर की सांस्कृतिक संस्था द कलामंच के आयोजक राजेश शर्मा एवं सतीन्द्र सिंह द्वारा आयोजित 'ग़ज़लनामा, ग़ज़ल एवं गीत की संगीत संध्या' रविवार को शाम सवा छह बजे महाराणा प्रताप सभागार, विद्याश्रम में सजेगी। इस मौके पर जसविंदर सिंह को महान संगीतकार एवं ग़ज़ल सम्राट मदन मोहन अवार्ड-2026 से सम्मानित किया जाएगा, और यह सम्मान उन्हें पद्मभूषण, पद्मश्री तथा ग्रैमी अवॉर्ड विजेता विश्वमोहन भट्ट के हाथों प्रदान किया जाएगा।

-जयपुर की गूंज पहुंची स्पेन और यूके तक
शनिवार को अजमेर रोड स्थित होटल अमर पैलेस में हुई प्रेस वार्ता में 
जसविंदर सिंह ने बताया कि जयपुर में होने वाले इस सार्वजनिक ग़ज़ल कार्यक्रम की चर्चा अब शहर तक सीमित नहीं रही। उन्हें स्पेन और यूके से भी संदेश मिले हैं, जहां लोगों ने इस आयोजन के बारे में जानकर इसमें शामिल होने की इच्छा जताई। उनके मुताबिक कार्यक्रम भले ही जयपुर में हो रहा है, लेकिन इसकी चर्चा अब ग्लोबल लेवल पर होने लगी है, जो अपने आप में इस महफ़िल की बड़ी उपलब्धि है।
दो-तीन महीने की मेहनत लाई रंग
जसविंदर सिंह ने कहा कि पिछले दो-तीन महीनों से इस कार्यक्रम को लेकर लगातार तैयारी चल रही थी। उन्होंने आयोजक राजेश शर्मा और सतीन्द्र सिंह सहित पूरी टीम की मेहनत की खास तौर पर सराहना की और कहा कि टीम ने दिन-रात मेहनत की है, जिसका असर अब कार्यक्रम को मिल रही व्यापक चर्चा के तौर पर दिख रहा है। उनके अनुसार इस तरह के Public Shows कला को आम लोगों तक पहुंचाने का सबसे कारगर जरिया साबित होते हैं।
ग़ज़ल सुनने अब मंच तक पहुंच रहे टीनएजर्स भी
जसविंदर सिंह ने बताया कि उनके कार्यक्रमों में बड़ी संख्या में युवा और टीनएजर्स भी शामिल होते हैं। कई बार बच्चों को माता-पिता जबरदस्ती कार्यक्रम में लाते हैं, लेकिन शो खत्म होते-होते वही बच्चे कहते हैं कि मज़ा आया। उनके अनुसार ग़ज़ल की अपनी अलग मिठास है, लेकिन नई पीढ़ी तक इसे पहुंचाने के लिए बेहतर Promotion और मीडिया की भूमिका बेहद अहम है, जिसे जयपुर का यह आयोजन बखूबी निभा रहा है।
ग़ज़ल और गीत का संगम बनेगा दिलों की धड़कन
आयोजक राजेश शर्मा और सतीन्द्र सिंह ने बताया कि इस महफ़िल में मुंबई, वाराणसी, दिल्ली, अजमेर और जोधपुर जैसे शहरों के फनकार एक साथ मंच साझा करेंगे। उनके अनुसार यह ग़ज़ल और गीत की संगीतमय पेशकश सुनने वालों को सुरों और भावनाओं की गहराई से रूबरू कराएगी, और यही वजह है कि जयपुर की यह छोटी सी शुरुआत अब देश-विदेश तक अपनी पहचान बना चुकी है। इस प्रेस वार्ता में कला मंच के सभी सदस्य मौजूद रहे । 

दर्शकों के लिए टिकट बुकिंग की सुविधा
कला और संगीत के शौकीन दर्शक इस शानदार महफ़िल का हिस्सा बनने के लिए अपना टिकट अब आसानी से बुक करवा सकते हैं। इसके लिए दर्शकों को द कलामंच की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर अपनी पसंदीदा प्रस्तुति का टिकट बुक करना होगा। साथ ही इवेंट वेंयू पर भी बुक करवा सकते है । कुछ ही सीट इवेंट की खाली बची है ।